नौकरी ढूंढ रहे युवाओं को मोदी सरकार का तोहफा, अब एक ही जगह होगा ‘कॉमन एलिजिबिलिटी टेस्ट’

0
149

देश में नौकरियों (Job) की समस्या कितनी बड़ी है ये किसी से छिपा नहीं है, जॉब के लिए युवाओं को कितनी जगह धक्के खाने पड़ते हैं साथ ही उन्हें नौकरियों के लिए एक्जाम देने अलग अलग स्थानों पर जाना पड़ता है। मोदी सरकार ने इसका समाधान निकाला है और आज हुई कैबिनेट मीटिंग में नैशनल रिक्रूटमेंट एजेंसी (National Recruitment Agency) के गठन को हरी झंडी दे दी है, इससे नौकरी तलाश रहे युवा वर्ग को खासी राहत मिलेगी।

मोदी कैबिनेट के अहम फैसलों के बारे में बताते हुए केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर और मंत्री जितेंद्र सिंह ने बताया किनौकरी के लिए युवाओं को बहुत परीक्षाएं देनी पड़ती हैं। कई भर्ती एजेंसियां हैं, ऐसे में हर एजेंसी के लिए परीक्षा देने के लिए कई जगह जाना पड़ता है। उन्होंने कहा, ‘अब नैशनल रिक्रूटमेंट एंजेसी कॉमन एलिजिबिलिटी टेस्ट लेगी। इससे करोड़ों युवाओं को लाभ मिलेगा।’

सरकारी भर्ती परीक्षाओं के कार्यक्रम, आवेदन प्रक्रिया और शुल्क अलग-अलग होते हैं जिससे कई बार गलतियां होती हैं; ग्रामीण, महिलाओं और दिव्यांगों को परेशानी होती है

जावड़ेकर ने कहा कि युवाओं की तरफ से यह सालों से मांग उठ रही थी, लेकिन यह नहीं हो रहा था। अब नैशनल रिक्रूटमेंट एजेंसी के गठने से उनकी परेशानी दूर होगी, उनका पैसा भी बचेगा और मानसिक स्वास्थ्य भी ठीक रहेगा। बहुत दौड़-धूप नहीं करनी होगी और एक ही परीक्षा से युवाओं को आगे जाने का मौका मिलेगा।

नैशनल रिक्रूटमेंट एजेंसी (NRA) के गठन से होंगे ये फायदे-
राष्ट्रीय भर्ती एजेंसी उम्मीदवार और भर्ती संगठन दोनों के लिए भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और सुगमता सुनिश्चित करेगा
राष्ट्रीय भर्ती एजेंसी के तहत कॉमन एंट्रेंस टेस्ट, एसएससी, रेलवे रिक्रूटमेंट बोर्ड और आईबीपीएस द्वारा आयोजित टीयर -1 परीक्षा की जगह लेगा और केंद्र सरकार (NRA3 & 4) में Gr-B और C पदों के लिए उम्मीदवारों को शॉर्टलिस्ट करेगा।
राष्ट्रीय भर्ती एजेंसी चयन प्रक्रिया की अवधि को कम कर देगा और उम्मीदवारों को कई स्थानों पर कई परीक्षाओं में उपस्थित होने की परेशानी से बचाएगा; 1000 से अधिक केंद्रों पर (NRA 5) CET आयोजित की जाएगी
CET स्कोर को केंद्र और राज्य सरकारों, सार्वजनिक उपक्रमों, निजी क्षेत्र के साथ साझा किया जा सकता है और इस प्रकार इन संगठनों की भर्ती लागत को कम किया जा सकता है

राष्ट्रीय भर्ती एजेंसी द्वारा शुरू में एक वर्ष में दो बार सीईटी आयोजित की जाएगी; CET मल्टीपल च्वाइस ऑब्जेक्टिव प्रकार का प्रश्न पत्र होगा
कॉमन एलिजिबिलिटी टेस्ट की मेरिट लिस्ट 3 साल तक मान्य रहेगी, जिस दौरान उम्मीदवार अपनी योग्यता और पसंद के आधार पर विभिन्न क्षेत्रों में नौकरियों के लिए आवेदन कर सकते हैं
सूचना के आधार पर आउटरीच सेवाएं प्रदान की जाएंगी परीक्षा को बढ़ावा दिया जाएगा और उम्मीदवारों की सहायता के लिए हेल्पलाइन स्थापित की जाएगी

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here