हरिद्वार,उत्तराखंड की धामी सरकार ने सूबे से मरदसा बोर्ड को समाप्त कर दिया है. सरकार ने मदरसा बोर्ड की जगह उत्तराखंड राज्य अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण का गठन किया है. इसकी अधिसूचना सरकार ने जारी कर दी है. प्राधिकरण में अध्यक्ष समेत नौ सदस्य भी नियुक्त किए गए हैं. दो पदेन सदस्य और एक पदेन सदस्य सचिव की भी नियुक्ति हुई है अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण में पदाधिकारियों की नियक्ति प्रोफेसर (रि.) सुरजीत सिंह गांधी, बीएसएम पीजी कॉलेज रुड़की को अध्यक्ष बनाया गया है, जबकि प्रोफेसर डॉ. राकेश कुमार जैन, गुरुकुल कांगड़ी विश्व विद्यालय हरिद्वार, डॉ सैय्यद अली हमीद (रि.) प्रोफेसर कुमाऊं विवि (अल्मोड़ा), प्रो पेमा तेनजिन निवासी बागतोली, ग्वालदम चमोली, प्रो. गुरमीत सिंह, केजीके पीजी कॉलेज लाइन पार (मुरादाबाद) डॉ. एल्बा मन्ड्रेले, सहायक अध्यापक स्व. चंद्र सिंह शाही राजकीय पीजी कॉलेज कपकोट (बागेश्वर), प्रो. रोबिना अमन विभागाध्यक्ष एवं संयोजक रसायन विज्ञान सोबन सिंह विश्वविद्यालय (अल्मोड़ा), चंद्रशेखर भट्ट, रिटायर्ड सचिव, उत्तराखंड शासन और राजेंद्र सिंह बिस्ट, हिमालय ग्राम विकास समिति गंगोलीहाट (पिथौरागढ़) का मेंबर बनाया गया है।
इसके अलावा महानिदेशक विद्यालयी शिक्षा उत्तराखंज और निदेशक राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद उत्तराखंड पदेन सदस्य होंगे। वहीं, निदेशक अल्पसंख्यक कल्याण उत्तराखंड पदेन सदस्य सचिव होंगे।
