हरिद्वार,अंकिता भंडारी मामले से जुड़े BJP के पूर्व विधायक सुरेश राठौर को कोर्ट ने आज (18 जून) जमानत दे दी है। इससे 3 दिन पहले यानी 15 जून को कोर्ट ने उन्हें जेल भेज दिया था। उनकी जमानत याचिका भी नामंजूर कर दी गई थी। वहीं, पुलिस ने जांच के दौरान एक्सटॉरशन की धारा भी बढ़ाई थी।मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) की अदालत ने उनकी जमानत याचिका स्वीकार करते हुए उन्हें एक लाख रुपये के निजी मुचलके और समान धनराशि के दो जमानतदार प्रस्तुत करने पर रिहा करने के आदेश दिए हैं।
मिली जानकारी अनुसार अदालत में दायर जमानत प्रार्थनापत्र में बचाव पक्ष ने कहा कि सुरेश राठौर के खिलाफ थाना डालनवाला में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं और आईटी एक्ट की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।
बचाव पक्ष का तर्क था कि मामले में पहले उन्हें नोटिस देकर जांच में शामिल किया जा रहा था और गिरफ्तारी की आवश्यकता नहीं थी। सुनवाई के दौरान अदालत ने पुलिस अभिलेखों और दोनों पक्षों की दलीलों का परीक्षण किया
कोर्ट ने पाया कि आरोपी को पहले नोटिस दिया गया था और वह जांच में सहयोग कर रहा था। साथ ही अदालत ने यह भी माना कि बाद में जो धारा जोड़ी गई, वह जमानती प्रकृति की है। इन तथ्यों और परिस्थितियों को देखते हुए मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ने सुरेश राठौर की जमानत याचिका मंजूर कर ली।
