हरिद्वार देहरादून में तिब्बती मार्केट के बाहर अर्जुन शर्मा हत्याकांड में पुलिस ने मां समेत पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि मां ने ही 12 लाख रुपये की सुपारी देकर कातिल हायर किए थे। आरोपियों ने हत्या को अंजाम देने के बाद मूंछ और बालों को कटवाकर अपना हुलिया बदल लिया था।
मिली जानकारी अनुसार पुलिस जांच में सामने आया है कि परिवार की पैतृक संपत्ति पर करोड़ों रुपये का बैंक लोन लिया गया था, जिसमें अर्जुन गारंटर थे। आरोप है कि विनोद उनियाल को बड़ी रकम दी गई, जिसे लेकर अर्जुन अपनी मां से नाराज थे। उन्हें आशंका थी कि उनकी मां को प्रभाव में लेकर आर्थिक नुकसान पहुंचाया गया।
यही विवाद इतना बढ़ा कि मामला पुलिस थानों से होता हुआ अदालत तक पहुंच गया। मां ने बेटे पर मुकदमा दर्ज कराया, बेटे ने मां और उनके परिचितों पर धोखाधड़ी का केस दर्ज कराया। हाईकोर्ट तक सुरक्षा की गुहार लगी। रिश्तों की खाई इतनी गहरी हो गई कि एक मां को अपने ही बेटे से सुरक्षा की जरूरत महसूस हुई।
जीएमएस रोड की संपत्ति को लेकर भी विवाद अदालत में लंबित था। बताया जा रहा है कि उक्त संपत्ति को अर्जुन की मां बीना ने अस्पताल संचालक अजय खन्ना बेचने का प्रयास किया और संपत्ति का लोन चार करोड़ रुपये अजय खन्ना ने चुका दिया।
इसे लेकर अर्जुन और अजय खन्ना के बीच सिविल कोर्ट में वाद चल रहा था और स्टे भी लिया गया था। कभी एक छत के नीचे रहने वाला परिवार अब अदालत की चौखट पर आमने-सामने खड़ा था।
हाल के दिनों में रिश्तों में थोड़ी नरमी आने की बात जरूर कही जा रही थी, लेकिन क्या भीतर की दरारें सच में भर पाई थीं? यह सवाल अब और गहरा गया है।
